भगवान् श्रीराम की कृपा से जीवन हो जाया करता है धन्य- प्रकाशचंद्र जी महराज

श्रीराम कथा ज्ञान यज्ञ महोत्सव मे राम जन्मोत्सव पर भावविभोर हुए श्रद्धालु

फोटो-03 श्रीराम कथा सुनाते कथाव्यास प्रकाशचंद्र जी महराज।

लालगंज, प्रतापगढ़। नगर के राम अंजोर मिश्र इण्टर कालेज के खेल मैदान पर हो रही संगीतमयी श्रीराम कथा मे बुधवार को श्रीराम जन्मोत्सव पर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे दिखे। भये प्रकट कृपाला, दीन दयाला… की संगीतमयी अमृतकथा मे श्रद्धालु महिलाओं मे भगवान् श्रीराम के जन्मोत्सव पर मंगलगान की भी सुमधुर प्रस्तुती दी। वहीं कथाव्यास अयोध्या से पधारे प्रकाशचंद्र जी महराज ने कहा कि भगवान श्रीराम का जन्म धरती के कण-कण को मंगल का सुमंगल दे गया है। उन्होंने कहा कि प्रभु श्रीराम की कृपा से अभिसिंचित जीवन ही धराधाम पर पवित्र है। उन्होनें कहा कि भगवान राम ने अपनी तप और साधना तथा अहंकार से धरती को मुक्त रखने के लिए मर्यादा का संवरण प्रदान किया है। कथा व्यास प्रकाशचंद्र जी ने कहा कि श्रीराम के नाम का स्मरण मात्र ही कलियुग का सबसे बड़ा सुमंगलदायी प्रतिफल है। उन्होंने कहा कि आध्यात्मिक जीवन का ध्येय सदैव सत्य के वरण का श्रृंगार किया करता है। संयोजक संकल्पदास जी महराज के प्रबंधन मे श्रद्धालुओं ने ठाकुर जी की आरती वंदना की। संचालन शक्ती नारायण जी ने किया। इस मौके पर चेयरपर्सन प्रतिनिधि संतोष द्विवेदी, प्राचार्य डा. शैलेन्द्र मिश्र, ज्ञानप्रकाश शुक्ल, शिवकृपाल शुक्ल, डा. फणीन्द्र नारायण मिश्र, डा. गंगाधर मिश्र, हरिमोहन जायसवाल, नरेन्द्र तिवारी, राजेश सिंह, भानू सिंह, अनिल महेश, सविता उपाध्याय आदि ने कथाव्यास का रोली चंदन से श्रीअभिषेक किया। श्रीराम जन्मोत्सव पर अयोध्या धाम से पधारे संतो की मण्डली के संगीतमयी भजनों पर भी कथास्थली राममय हो उठी दिखी।