बहन के हाथ पीले करने की अधूरी रह गई शहीद की ललक..

लालगंज, प्रतापगढ़। शहीद योगेश तिवारी के पिता राजेन्द्र प्रसाद तिवारी का निधन पहले ही हो चुका है। बड़े भाई आशुतोष शिक्षक हैं। योगेश की प्रारंभिक शिक्षा लालगंज मे चाचा प्रधानाचार्य नरेन्द्र तिवारी तथा चाची साधना की देखरेख मे हुई। शहीद योगेश की बहन विजया तथा कात्यायिनी अभी अविवाहित है। योगेश बहन विजया की दिसंबर मे तय शादी को लेकर खासे उत्साहित थे। वहीं जनवरी मे योगेश का भी विवाह परिजनों ने तय कर रखा था। योगेश की दो बहनों पूनम व नीलम की शादी हो चुकी है। चचेरी बहन वर्षा तथा भाई लेफ्टिनेंट कर्नल शिवेश को भी शहीद योगेश के साथ बचपन गुजारने की यादें आज कुछ ज्यादा ही खटकती दिखीं। मां अन्नपूर्णा भी लखनऊ से सुबह गांव पहुंची। मां का तो अपने जिगर के लाल का चेहरा देखते ही कलेजा फट सा गया। मां की चीखपुकार सुन वहां मौजूद लोग भी आंसू संभाल न सके। इसके पूर्व पार्थिव शरीर के लखनऊ से गांव पहुंचने की जानकारी लेने मे भी अफसरो को हलाकान देखा गया। पार्थिव शरीर आने के पहले भी घर मे महिलाओं का रूदन माहौल को भावुक किये हुए था। शहीद योगेश की याद कर चाची साधना कई बार मुर्छित भी हो उठी दिखी।