सांसद की सभा में कददावर नेताओं पर टिप्पणी से समर्थकों का चढ़ा पारा, वीडियो वायरल होने से चर्चा का माहौल गर्म

प्रतापगढ़ जिला संवाददाता। जिले के भाजपाई सांसद की मौजूदगी मे सोमवार को हुए एक कार्यक्रम मे एक वक्ता द्वारा जिले के कददावर नेताओं राजा भइया, प्रमोद तिवारी तथा मोती सिंह के खिलाफ तीखी टिप्पणी को लेकर भी मंगलवार को क्षेत्र मे इन नेताओं के समर्थकों मे अंदर ही अंदर गुस्सा पनपा देखा सुना गया। जिले के सांसद संगमलाल गुप्ता सोमवार को रामपुरखास विधानसभा क्षेत्र के दौरे पर आये थे।समर्थकों द्वारा कुछ जगह सांसद की सभा का भी आयोजन किया गया था। सोमवार की देर रात सोशल मीडिया पर सांसद की मौजूदगी के वीडियो के साथ एक वक्ता का भाषण सुनकर लोग कौतूहल से भर उठे। सांसद के समर्थन मे कसीदे पढ़ रहे भाजपाई वक्ता ने तालिबान के खतरे का जिक्र करते हुए जिले के कद्दावर राजा भइया तथा दिग्गज नेता प्रमोद तिवारी एवं सरकार के ही मंत्री मोती सिंह के नाम का भी जिक्र करते हुए तंज कसना शुरू किया।हालांकि वीडियो मे सभा मे शामिल कुछ लोगों को इन नेताओं के नाम लेने पर टोका टोकी भी करते देखा जा रहा है। देर शाम सोशल मीडिया पर यह वीडियो वायरल हो उठा। मंगलवार को भी तहसील से लेकर इलाके की चाय-पान की दुकानों पर सांसद की मौजूदगी के इस वीडियो को लेकर चर्चा का माहौल गर्म दिखा। कददावर राजा भइया के खाटी समर्थको का कहना था कि जिन लोगों ने आज तक विश्व हिन्दू परिषद या फिर राम मंदिर निर्माण मे एक पाई का योगदान नही दिया है उनके मुंह से इस तरह की अशोभनीय भाषा खुद आसमान पर थूकने जैसा है। समर्थको का कहना है कि बेंती नरेश कुंवर उदय प्रताप सिंह ने विश्व हिन्दू परिषद के कार्यालय के लिए तो प्रयागराज मे चार बीघे जमीन दान मे दे रखी है। कुंवर उदय प्रताप सिंह की ही पहल पर हाल ही मे राम मंदिर के निर्माण के लिए भी पांच करोड़ रूपये का एकमुश्त सहयोग बेंती से ही भेजवाया गया है। ऐसे मे राजर्षि परिवार पर तालिबान की भाषा का प्रयोग मर्यादा की सीमा लांघ गया है। वहीं प्रमोद तिवारी के समर्थको को भी विकासपुरूष के रूप मे पहचान रखने वाले प्रमोद तिवारी पर भी इस प्रकार की टीका टिप्पणी नागवार गुजरी दिखी। भाजपा के ही एक बडे खेमे मे कैबिनेट मंत्री मोती सिंह पर भी आपसी खेमेबंदी को लेकर इस प्रकार की टिप्पणी को अनुशासनहीनता तक करार दिया जाना ठहराया जाता देखा सुना गया। वहीं आमचर्चा मे भी दिन भर कुंवर उदय सिंह के राज परिवार के द्वारा हिन्दुत्व की रक्षा को लेकर कई संघर्षो तथा बडे योगदानो का सुबह से शाम तक जिक्र होता नजर आया। तालिबानी शब्द के प्रयोग को लेकर इन कददावर नेताओं के समर्थको का साफ मंतव्य दिखा कि सूप बोले सूप चलनिव…। वायरल वीडियो को लेकर इलाके के प्रबुद्ध वर्ग के बीच ही नही बल्कि युवा लाबी मे कुछ ज्यादा ही तीखा अंदाज देखा सुना गया।