शैलेश सिंह

बैरिया(बलिया)।स्थानीय क्षेत्र में अवैध रूप से बिहार आयातित लाल बालू की तस्करी इन दिनों पुनः सुर्खियां बटोरने लगी है । नदियों के जलस्तर बढ़ने से नावों का परिचालन और सिन्हा (महुली) घाट पर पीपा पुल बनने से सैकड़ो ट्रैक्टरों के माध्यम से लाल बालू का भंडारण व ढुलाई अनवरत जारी है ।
इस सम्बन्ध मे तहसील के वरिष्ठ संवाददाता ने जब थानाध्यक्ष दोकटी से कुछ जानकारी मांगी तो वे पत्रकार पर भड़क उठे और चेतावनी दे डाला कि ज्यादा लाल बालू के चक्कर मे पड़ोगे तो तुम्हे झेलना पड़ जायेगा। बता दे की क्षेत्र के विभिन्न घाटों पर जल मार्ग के द्वारा बिहार के कोइलवर से नाव द्वारा लादकर पुलिस की मिलीभगत से लाल बालू की आवक तेज हो गई है।दोकटी पुलिस व लालगंज चौकी पुलिस की मिली भगत से लाल बालू के तस्करों की बल्ले बल्ले हो गई है।
पिछले दिनों जिलाप्रशासन ने लाल बालू को अवैध बताते हुए काफी दिनों से बालू की आवक उत्तर प्रदेश में बंद करा दिया था । बिहार के डोरीगंज से ट्रक के माध्यम से सरकार को रायल्टी देकर ट्रकों के माध्यम से बालू आता था, जो काफी महंगा भी पड़ता था। उस समय से लाल बालू के छोटे-छोटे तस्कर इस फिराक में थे कि महुली पीपा पुल खुले तो उनका धंधा शुरू हो।15 जून को महुली पीपा के पुल खुलते ही बिहार और उत्तर प्रदेश सरकार को बिना टैक्स दिए बड़े बड़े नाव के माध्यम से जल मार्ग द्वारा दोकटी थाना क्षेत्र के शिवपुर घाट, सती घाट, दोकटी घाट पर बालू का भंडारण शुरू हो गया है। ऐसे में लोगों में यह खास चर्चा है कि पहले पुलिस ने लाल बालू पर रोक लगा रखा था और अब कौन सा कानून पास हो गया कि दर्जनो नावे लाल बालू लेकर घाटों पर चहलकदमी कर रही हैं । बालू गिरने के साथ ही ट्रेक्टरो के द्वारा बालू उठाकर ईधर उधर गाँव के बगीचों मे या सुनसान स्थानो पर बालू भण्डारण किया जा रहा है। दिन रात सडको पर ट्रैक्टरों की गड़गड़ाहट सुनाई दे रही है। इसी संदर्भ में जब तहसील सम्बदाता से कुछ जानकारी दोकटी उधर थानाध्यक्ष से माँगी तो वे भड़क उठे । हालांकि उनके बेतुके बयान और चेतावनी की शिकायत संवाददाता ने उपजिलाधिकारी बैरिया प्रशान्त कुमार नायक व क्षेत्राधिकारी आर के तिवारी से की है।अधिकारीद्वय ने मामले की जाँच कर उचित कार्यवायी करने का भरोसा संबदाता को दिया है।