मेरा लक्ष्य गाँव को संक्रमण एवं खुले में शौच से मुक्त कराना

 

 

मेहरौना-देवरिया :- ग्राम पंचायत चुनाव के परिणाम की घोषणा के बाद सरकार ने कहीं वर्चुअल तो कहीं आफलाइन ग्राम प्रधान एवं ग्रााम पंचायत सदस्यों का शपथ ग्रहण शासनादेश के अनुसार करवा दिया गया ,जिसके मद्देनजर ग्राम पंचायतों में समितियों का गठन भी व्यापक रूप से किया जाने लगा,तो कहीं सदस्यों में कोराना संक्रमण के कारण देरी हुई।इसी क्रम में ग्राम सभा कौसड़ में मंगलवार के दिन परमहंस महाराज के आश्रम में स्थित प्राथमिक विद्यालय मे ग्राम पंचायत की विभिन्न समितियों का गठन ग्राम प्रधान रामनारायण यादव, ग्राम सचिव वैभव कुमार सिंह एवं अन्य सदस्यों की उपस्थिति में किया गया।मीरा देवी पत्नी प्रसेन जीत सिंह को स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण समिति का अध्यक्ष चुना गयामीरा देवी ने कहा कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग चुनने के पिछे मेरा उद्देश्य लोगों में स्वास्थ्य एवं स्वच्छता के प्रति जागरुकता लाना है एवं उनको सरकार द्वारा मुहैया कराई गई स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ दिलाना है,जिसके पिछे मेरे पति की प्रेरणा स्रोत रहती है जो समय समय पर गाँव, समाज एवं क्षेत्र में स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को उठाते हुए लोगों को जागरुक करते रहते हैं।इससे आगे वो कहती है कि मेरा पहला बच्चा अज्ञानता और चिकित्सिक सुविधाओं में लापरवाही की भेंट चढ़ गया जिसका मलाल मुझे आजतक रहता है।मैं चाहती हूँ कि हमारे क्षेत्र लार हास्पिटल में निर्मित तीस शैय्या की प्रसूती विंग में एक महिला चिकित्सक की नियुक्ति हो तथा साथ ही यहाँ सीजेरियन की सुविधा भी उपलब्ध हो जिससे जच्चा एवं बच्चा दोंनो काल कल्वित होने से बच जाय।कोरोना संक्रमण के संबंध में पूछने पर उनकी आँखें भर आती है और कहती है कि कोरोना की दूसरी लहर में मेरे सहित सभी लोगों ने या तो अपने परिजनों या परिचितों को अवश्य खोया है जिसका मुख्य कारण संक्रमण और अज्ञानता है। हमारे ग्राम सभा कौसड़ में लगभग बीस के आस पास कोरोना संक्रमित व्यक्ति थे जो अब सभी स्वस्थ हैं।इसमें सरकार द्वारा सैनेटाईजेशन,ट्रिटमेंट और मांनिटरिंग की विशेष भूमिका है।और अब मेरे देख रेख में ये कार्य अनवरत चलते रहेंगें। गाँवों में सबसे बड़ी स्वास्थ्य समस्या खुले में शौच करने की है जो लोंगों की आदतों में शुमार कर गया है।सरकार से शौचालय का पैसा लेकर लोग शौचालय का निर्माण नहींं करवा रहे है जो अति च़ितनीय है।ग्राम प्रधान एवं सचिव से मिलकर सार्वजनिक सभा के द्वारा सबको शौचालय निर्माण के लिए प्रेरित किया जायेगा।खुले में शौच से सबसे बड़ी संख्या में महिलाएं संक्रमित होती है जिससे उनमें श्वेत प्रदर, यूटेरस संक्रमण और अन्य आंतरिक अंगों में संक्रमण फैलता है जिससे उनके स्वास्थ्य सहित बच्चों और परिवार के स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।अंत में मैं यहीं कहना चाहती हूँ कि सभी लोग मास्क पहने,साबुन से नियमित हाथ धोंए,भीड़ भाड़ वाली स्थान से बचें और तीसरी आने से पहले अपने और अपने बच्चों का ध्यान रखें।